Bhagat Singh Koshyari News: शिवसेना के दो गुटों में जारी तनाव के बीच राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी भी ऐक्टिव हो गए हैं। कोरोना से रिकवरी के बाद अस्पताल से लौटे कोश्यारी ने पहला बड़ा कदम उठाते हुए केंद्रीय गृह सचिव अजय कुमार भल्ला को पत्र लिखा है। उन्होंने गृह सचिव से कहा है कि केंद्रीय सुरक्षा बलों को तैयार रखा जाए क्योंकि राज्य में कानून-व्यवस्था बिगड़ने की स्थिति में उनके दखल की जरूरत पड़ सकती है। बता दें कि शिवसेना के 15 बागी विधायकों को केंद्र सरकार की ओर से वाई प्लस सिक्योरिटी दी गई है, जिसके तहत सीआरपीएफ उनकी सुरक्षा कर रही है। इन विधायकों में से 4 मुंबई के ही हैं। दरअसल पिछले दिनों शिवसैनिक भड़क गए थे और कुछ विधायकों के दफ्तरों पर हमला बोला था। इसके बाद विधायकों ने अपनी सुरक्षा को खतरा बताया था।
गवर्नर बोले- 47 विधायकों ने मुझसे की है सुरक्षा की मांग
गवर्नर कोश्यारी ने पत्र में लिखा है कि उन्हें 25 जून को शिवसेना के 38 विधायकों, प्रहार जनशक्ति पार्टी के दो सदस्यों और सात निर्दलीय विधायकों की ओर से एक ज्ञापन मिला है। इसमें कहा गया है कि उनके परिवारों की पुलिस सुरक्षा अवैध रूप से वापस ले ली गई है। कुछ राजनीतिक नेताओं द्वारा दिए जा रहे भड़काऊ और धमकी भरे बयानों की वजह से विधायकों ने अपने घरों और परिवारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई थी। कुछ विधायकों के कार्यालयों और घरों में तोड़फोड़ भी की जा चुकी है और पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है। इसलिए, विधायकों, उनके परिवारों और घरों को तत्काल आधार पर पर्याप्त पुलिस सुरक्षा करना आवश्यक है।
महाराष्ट्र गृह मंत्रालय बोला- कोई बड़ी घटना नहीं हुई
इस बीच महाराष्ट्र के गृह मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति में व्यवधान की कोई बड़ी घटना नहीं हुई है। गुवाहाटी गए सभी विधायकों के कार्यालय, आवास पर पर्याप्त सुरक्षा प्रदान की गई है। गवर्नर ने कहा कि विधायकों ने अपने अलावा फैमिली और घर की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जाहिर की है। ऐसे में पुलिस को तत्काल सक्रियता दिखाते हुए उन्हें सुरक्षा प्रदान करनी चाहिए।






